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तरक्की पर हार्वर्ड की मुहर, उभरती अर्थव्यवस्था में चीन से कोसो आगे निकला भारत

श्वेता बाजपेई, न्यूज़ वर्ल्ड इंडिया | 0
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| जुलाई 9 , 2017 , 18:58 IST | नयी दिल्ली

भारत एशिया में सबसे तेजी से उभरती अर्थव्यवस्था वाला देश बन गया है। हार्वर्ड यूनिवर्सिटी के एक नए अध्ययन में कहा गया है कि भारत चीन से आगे बढ़कर वैश्विक विकास के आर्थिक स्तंभ के रूप में उभरा है और आने वाले दशक में उम्मीद है कि वो इसे जारी रखेगा।

हॉवर्ड यूनिवर्सिटी के सेंटर फॉर इंटरनेशनल डेवलपमेंट (सीआईडी) के शोध के मुताबिक भारत विश्व के टॉप 10 बढ़ती अर्थव्यवस्था वाले देश में शुमार हो गया है। इतना ही नहीं शोध में ये भी दावा किया गया है एशियाई क्षेत्र में साल 2025 तक भारत का औसत आर्थिक विकास दर जीडीपी 7.7 फीसदी तक पहुंच जाएगा।

शोध के मुताबिक वैश्विक अर्थव्यवस्था के बड़े स्तंभों में शुमार भारत के प्रति बीते कुछ सालों में निवेशकों का झुकाव चीन के मुकाबले ज्यादा बढ़ा है जो आनेवाले दशक में भी जारी रहेगा। अध्ययन में कहा गया है कि आज की तारीख तक भारत ने जो क्षमताएं हासिल की हैं, उनके मद्देनजर वह विविध क्षेत्रों में उतरने को लेकर बेहतर स्थिति में है, जिससे उसकी तेज वृद्धि की संभावनाएं कायम रहेंगी।

हॉर्वर्ड के शोध में केमिकल, ऑटोमोबाइल, इलेक्ट्रॉनिक्स जैसे अहम और भारी क्षेत्रों में लगातार काम और इनके निर्यात को बढ़ावा देना भारतीय अर्थव्यवस्था के तेजी से बढ़ने का मुख्य कारण बताया गया है।

स्टडी में तेल पर निर्भर अर्थव्यवस्थाओं का जिक्र करते हुए कहा गया है कि तेल पर निर्भर बड़ी अर्थव्यवस्थाआें में गिरावट हो रही है क्योंकि ये एक ही संसाधन पर निर्भर हैं लेकिन भारत, इंडोनेशिया और वियतनाम ने विविधता के लिए अपनी नई क्षमताओं को विकसित किया है और कई तरह के उप्तापदन की वजह से आने वाले सालों में उनका विकास तेजी से होने की संभावना है।

शोधकर्ताओं के मुताबिक भारत, तुर्की, इंडोनेशिया, युगांडा और बुल्गारिया जैसे देशों में राजनीतिक, संस्थागत, भौगोलिक और जनसंख्या आधारित हालात अलग-अलग हैं जिसकी वजह से इन्हें आगे बढ़ने में मदद मिलती है।


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