विज्ञान/टेक्नोलॉजी

मानव रहित रेलवे क्रॉसिंग पर अब नहीं होंगे हादसे! ISRO ने बनाया सैटेलाइट बेस्ड डिवाइस

कीर्ति सक्सेना, न्यूज़ वर्ल्ड इंडिया | 0
114
| जून 25 , 2017 , 17:55 IST | नई दिल्ली

रेलवे क्रॉसिंग पर होने वाले हादसों से बचने के लिए इंडियन स्पेस रिसर्च ऑर्गनाइजेशन (ISRO) ने एक सैैटेलाइट-बेस्ड चिप सिस्टम तैयार किया है, जो रेलवे क्रॉसिंग पर सड़क से गुजरने वालों को हूटर बजाकर सावधान करेगा। यह रियल टाइम से ट्रेन की उपस्थिति पता करने में भी मददगार होगा।

2017_6$largeimg25_Jun_2017_171854153

सैैटेलाइट-बेस्ड चिप सिस्टम कैसे करेगा काम

पायलट प्रोजेक्ट के तौर पर यह सिस्टम मुंबई और गुवाहाटी राजधानी ट्रेनों में लगाया जाएगा। इसमें एक इंटिग्रेटेड सर्किट (आईसी) चिप होगी, जो रेलवे ट्रेन के इंजन में लगाई जाएगी। इस सैटेलाइट के जरिए ट्रेन रेलवे क्रॉसिंग पर लगे हूटर से जुड़ी होगी।

आपको बता दें, ट्रेन जब रेलवे क्रॉसिंग से करीब 500 मीटर की दूरी में होगी, तभी से हूटर बजना शुरू हो जाएगा। इससे सड़क पर चल रहे लोगों के साथ ही ट्रेन का ड्राइवर भी अलर्ट हो जाएगा।

जैसे-जैसे ट्रेन रेलवे क्रॉसिंग के नजदीक पहुंचेगी हूटर की आवाज तेज होती जाएगी। ट्रेन के क्रॉसिंग पार करते ही हूटर बंद हो जाएगा।

Unmanned-Railway-Crossing

राजधानी एक्सप्रेस के ट्रैक पर 20 जगह लगेंगे हूटर

इस प्रोजेक्ट से जुड़े रेलवे मिनिस्ट्री के एक सीनियर ऑफिसर ने बताया कि, मुंबई और गुवाहाटी की राजधानी एक्सप्रेस के रूट पर 20 रेलवे क्रॉसिंग्स पर हूटर्स लगाए जाएंगे। प्लान के तहत धीरे-धीरे इस सिस्टम को और भी रेलवे क्रॉसिंग्स में लगाया जाएगा।

रेलवे के मुताबिक,

फिलहाल देश में करीब 10 हजार अनमैन्ड रेलवे क्रॉसिंग्स हैं। रेलवे से जुड़े हादसों में से 40% हादसे रेलवे क्रॉसिंग्स पर ही होते हैं।

Bigc2-2_650_102714122824

रेलवे मिनिस्ट्री के एक ऑफिसर के मुताबिक,

रेलवे 2014-2015 में 1148 और 2015-16 में 1253 अनमैन्ड रेलवे क्रॉसिंग्स खत्म कर चुका है। मिनिस्ट्री का प्लान 2-3 साल में देशभर में सभी अनमैन्ड रेलवे क्रॉसिंग खत्म करने का है।


कमेंट करें