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जरुर पढ़ें: हरियाणा और दिल्ली में महिलाओं की चोटी कौन काट रहा है?

श्वेता बाजपेई, न्यूज़ वर्ल्ड इंडिया | 0
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| जुलाई 31 , 2017 , 18:00 IST | नई दिल्ली

अगर आप भूत प्रेतों पर विश्वास नहीं करते है तो इस वाक्ये को सुन ज़रूर करने लगेंगे । पिछले दो हफ्तों में मेवात क्षेत्र के गांवों में रहस्यमय तरीके से महिलाओं की चोटियों को काटे जाने के कम से कम 15 मामले सामने आ चुके हैं। पुलिस ने बताया कि इन घटनाओं ने स्थानीय लोगों में डर पैदा कर दिया है। बताया जा रहा है कि रहस्यमय तरीके से महिलाओं की चोटी कटने के बाद ज्यादातर महिलाएं बेहोश हो गईं। कोई कह रहा है कि यह दैवीय प्रकोप है, तो कोई इसे काला जादू से जोड़ कर देख रहा है। हालांकि, पुलिस इन दावों को खारिज करते हुए आसामाजिक तत्वों का काम बता रही है। इन घटनाओं से निपटने के लिए ग्राम पंचायत ने महिलाओं से कहा है कि वे अपने बालों की चोटी बनाने के बजाए जूड़ा बनाकर रखें।

दिल्ली में भी चोटी-कटवा का प्रकोप

हरियाणा के मेवात, गुड़गांव और झज्जर जिले के बाद अब दिल्ली में भी इस तरह की घटना से लोगों की नींद उड़ी हुई है। कांगनहेड़ी गांव के कुछ लोग इसे चोटी काटने वाला 'शैतान' बता रहे हैं, तो कुछ इसे अनदेखी शक्तियों से जोड़कर देख रहे हैं। दरअसल गांव में एक के बाद एक हुई तीन घटनाओं से ग्रामीण खासा सहमे हुए हैं। ग्रामीणों के अनुसार, जिन तीन महिलाओं (मुनेश, ओमवती और श्रीदेवी) के साथ यह वाक्या हुआ उन्होंने बताया कि वह घर पर अकेली थी। अचानक उनके सिर में काफी तेज दर्द उठा, वह अचेत हो गईं। इससे पहले कि वह कुछ समझ पाती उनके बाल कटे मिले। दरवाजा अंदर से बंद था, ऐसे में कौन घर में दाखिल हुआ, बाल किसने काटे..ये सभी सवाल चर्चा का विषय बने हुए हैं। पिछले दो दिनों से ग्रामीण रात में पूरे गांव की पहरेदारी कर रहे हैं। गांव में दहशत का आलम यह है कि कुछ परिवार गांव छोड़कर अपने रिश्तेदारों के वहां चले गए हैं। वहीं MCD की महिला सफाईकर्मियों ने गांव में साफ-सफाई करने से साफ इनकार कर दिया है।

गुड़गांव में भी चोटी-काट का कहर

रविवार को गुड़गांव में भी एक ऐसी घटना होने की सूचना मिली। अशोक विहार फेज तीन की रहने वाली सुनीता देवी ने पुलिस को बताया कि वह 28 जुलाई की रात को जब अपने घर में अकेली थीं, तो अजीब दिखने वाले करीब 60 साल के व्यक्ति ने उन पर हमला किया।

सुनीता ने कहा कि जब मैं रसोई में रात का खाना बना रही थी, तो अपने घर के मुख्य प्रवेश द्वार पर लाल और पीले रंग के कपड़े में एक व्यक्ति को देखा। वह हाथ में एक त्रिशूल लिए हुए था। मैंने दरवाजे पर जाकर उससे पूछताछ की और उसे वहां से जाने के लिए कहा। वह चला गया और वहां से गायब हो गया, लेकिन थोड़ी देर बाद फिर से दिखा।

सुनीता ने कहा इससे पहले कि वह कुछ भी समझ पाती, वह बेहोश हो गई। उसने दावा किया कि जब वह दोबारा होश में आई, तो उसने खुद को फर्श पर पड़ा हुआ पाया और उसकी चोटी कटी हुई थी। उसने दावा किया कि उसके घर का सामान के साथ कोई छेड़छाड़ नहीं की गई थी।

पुलिस ने कहा कि उन्होंने घटना को दर्ज कर लिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है।


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