नेशनल

राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद के जन्मदिन पर जानें उनके जीवन से जुड़ी कुछ दिलचस्प बातें

अर्चित गुप्ता | 0
103
| अक्टूबर 1 , 2017 , 12:47 IST | नई दिल्ली

देश के 14वें राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद का आज जन्मदिन है। राष्‍ट्रपति रामनाथ कोविंद का आज 72वां जन्‍मदिन है। राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद के जन्मदिन पर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने शुभकामनाएं देते हुए उनके दीर्घायु, स्वस्थ एवं देशसेवा में सर्मिपत जीवन की कामना की है। प्रधानमंत्री मोदी ने ट्विटर पर लिखा, ‘राष्ट्रपति जी को जन्मदिन की शुभकामनाएं। ईश्वर उन्हें हमारे राष्ट्र के लिए सर्मिपत लंबा और स्वस्थ्य जीवन दे। जबसे उनका कार्यकाल शुरू हुआ है, राष्ट्रपति जी ने अपने सरल और दयालु स्वभाव के माध्यम से स्वयं को भारत के लोगों का प्रिय बना लिया है।’

पीएम मोदी ने कोविन्द को उनके 72वें जन्मदिन की शुभकामनाएं देते हुए आगे लिखा, ‘मैंने हमेशा पाया है कि राष्ट्रपति जी 125 करोड़ भारतीयों, खास तौर गरीबों और वंचितों की आकांक्षाओं के प्रति संवेदनशील हैं।’ पीएम के अलावा उप राष्ट्रपति वेंकैया नायडू, केंद्रीय गृह मंत्री राजनाथ सिंह ने भी उन्हें जन्मदिन की शुभकामनाएं दीं।

राष्ट्रपति रामनाथ कोविन्द का जीवन परिचय-

रामनाथ कोविन्द का जन्म 1 अक्टूबर 1945 में  उत्तर प्रदेश के कानपुर जिला (वर्तमान में कानपुर देहात जिला) की तहसील डेरापुर, कानपुर देहात के एक छोटे से गाँव परौंख में हुआ था। 25 जुलाई, 2017 को भारत के 14वें राष्ट्रपति के रूप में शपथ लेने से पहले, कोविन्द ने 16 अगस्त, 2015 से 20 जून, 2017 तक बिहार राज्य के 36वें राज्यपाल के रूप में कार्य किया।

कोविन्द ने कानपुर से अपनी स्कूली शिक्षा पूरी की और कानपुर विश्वविद्यालय से बी.कॉम और एलएलबी की उपाधियां प्राप्त कीं। वर्ष 1971 में उन्होंने दिल्ली बार काउंसिल में अधिवक्ता के रूप में प्रवेश किया। कोविन्द वर्ष 1977 से 1979 तक दिल्ली उच्च न्यायालय में केन्द्रीय सरकार के अधिवक्ता तथा वर्ष 1980 से 1993 तक उच्चतम न्यायालय में केन्द्रीय सरकार के स्थायी परामर्शक थे।

वह साल 1978 में भारत के उच्चतम न्यायालय के एडवोकेट-ऑन-रिकार्ड बने। उन्होंने 1993 तक लगभग 16 वर्ष तक दिल्ली उच्च न्यायालय और उच्चतम न्यायालय में प्रैक्टिस की। कोविन्द अप्रैल, 1994 में उत्तर प्रदेश से राज्यसभा के सदस्य निर्वाचित हुए। उन्होंने मार्च, 2006 तक उच्च सदन में उत्तर प्रदेश का प्रतिनिधित्व किया।

राष्ट्रपति रामनाथ कोविन्द से जुड़ी कुछ अद्बुत बाते-

कोविंद के परिजनों और मित्रों की मानें तो उनके खास व्यक्तित्व, प्रतिभा के साथ ही ‘र’ शब्द ने उनकी तकदीर बदल दी। र से रामनाथ के रूप में शुरू हुआ सिलसिला राज्यसभा सांसद, राज्यपाल होते हुए अब राष्ट्रपति तक जा पहुंचा है। उनके परिजनों का कहना था कि राम शब्द र से शुरू होता है। यही र तुम्हें जीवन में बहुत आगे ले जाएगा। आज जब रामनाथ कोविंद देश के राष्ट्रपति हो गए तो स्व. रामबालक की पत्नी और रामनाथ कोविंद की मां समान भाभी विद्यावती कोविंद की आंखें अपने पति की बातों और अपने लल्ला को याद कर खुशी से छलक पड़ीं। कहने लगीं, उनके (पति) आशीर्वाद से लल्ला पहले राज्य सभा सांसद हुए (इसमें भी र है) फिर राज्यपाल (इसमें भी र) और अब राष्ट्रपति (इसमें भी र) हो गए हैं।

Ram-Nath-Kovind-with-his-family-and-Narendra-Modi


कमेंट करें