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रक्षाबंधन का सबसे बड़ा गिफ्ट, भाई को किडनी देकर इस बहन ने बचाई जान

आरती यादव, न्यूज़ वर्ल्ड इंडिया | 0
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| अगस्त 7 , 2017 , 13:11 IST | नई दिल्ली

रक्षाबंधन का पर्व भाई-बहन के प्यार का त्योहार है। बहन अपने भाई की कलाई पर राखी बांध कर लंबी उम्र की कामना करती है और भाई अपनी बहन के लिए प्यार से कोई तोहफा लेकर आता है। लेकिन आगरा की एक बहन ने लोगों को राखी का सही महत्व समझाया है। इस बहन ने भाई को अपनी किडनी देकर नई जिंदगी का तोहफा दिया है।

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केंद्रीय सुरक्षा बल में तैनात हवलदार श्यामलाल दिल्ली में रहते हैं। श्यामलाल ने टाइफाइड के बाद अपनी दोनों किडनी गवां दी थी। अपने भाई के इस मुश्किल में उनकी अविवाहित बहन सुशीला सामने आई। सुशीला ने भाई को राखी बांधने की एक शर्त रखी। बहन की अपने भाई से शर्त थी की-किडनी लोगे, तभी बांधूंगी रक्षासूत्र। सुशीला ने फरीदाबाद के सेक्टर-21ए में स्थित एशियन अस्पताल में अपने भाई को एक किडनी दी।

श्यामलाल ने अपनी बहन लाखों में एक है बताते हुए कहा-दिल्ली के नजफगढ़ के झाड़ौदा कलां निवासी श्यामलाल बताते हैं कि वह और उनका परिवार अविवाहित बहन द्वारा किडनी दिया जाना स्वीकार्य नहीं था। लेकिन सुशीला जिद पर अड़ गई। कहने लगी कि इस बार रक्षाबंधन पर रक्षासूत्र तभी बांधूंगी, जब किडनी ट्रांसप्लांट कराओगे। जून 2017 में किडनी ट्रांस प्लांट हुई। श्यामलाल कहते हैं कि मेरी बहनें लाखों में अलग हैं 

श्यामलाल की बहन ने कहा -मुझे जब पता चला कि मेरे भाई की किडनी खराब हो चुकी है तो मुझे बहुत पीड़ा हुई। अब मैं जब भाई को रक्षासूत्र बांधूंगी तो उनके चेहरे पर भी बेहद खुशी होगी।

करीब दो साल पहले श्यामलाल को दो बार टाइफाइड हुआ था। श्यामलाल को जून 2015 में पता चला कि उनकी दोनों किडनी खराब हैं। तभी से वे डायलिसिस पर थे। सुशीला ने नहर पार स्थित राेशन नगर में रहने वाले अपनी बड़ी विवाहित बहन उर्मिला से संपर्क किया। सुशीला ने बहन से कहा कि वह भाई को किडनी देना चाहती है। उर्मिला और सुशीला दोनों सेक्टर-21ए स्थित एशियन अस्पताल पहुंचे और भाई की चिकित्सीय रिपोर्ट दिखाते हुए खुद का किडनी डाेनेट टेस्ट कराया। अपनी बहनों के फैसले से भाई श्यामलाल अंजान थे। जब किडनी डोनेट टेस्ट पॉजीटिव आया, तब बहनों ने भाई को एक किडनी लेने के लिए राजी किया। 

 


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