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मेक इन इंडिया: अब भारत में बनेगा दुनिया का सबसे एडवांस्ड फाइटर जेट F-16

न्यूज़ वर्ल्ड इंडिया | 0
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| जनवरी 1 , 1970 , 05:30 IST | पेरिस

भारतीय वायुसेना में लड़ाकू विमानों की कमी के एयर चीफ बीएस धनोवा के खुलासे के बाद सोमवार को पेरिस से भारत के लिए राहत भरी ख़बर आई।

फ्रांस एयरो शो के दौरान अमेरिकी कंपनी लॉकहीड मार्टिन ने टाटा के साथ करार किया है और इस करार के बाद दुनिया का सबसे एडवांस्‍ड फाइटर जेट एफ-16 अब भारत में ही तैयार होगा।

 F-16 वही फाइटर जेट है जो पहले पाकिस्‍तान को मिलने वाले थे लेकिन आखिरी मौके पर अमेरिका ने अपना इरादा बदल लिया था।

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25 जून को पीएम मोदी अमेरिका रवाना होंगे

अमेरिका प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 25 जून को अमेरिका के दौरे पर रवाना होंगे। उनके अमेरिकी दौरे की शुरुआत से पहले ही यह एक बड़ी और अहम खबर है। वर्ष 2016 की शुरुआत में पाकिस्‍तान और अमेरिका के बीच हुई फाइटर जेट एफ-16 की डील को लेकर काफी बातें हुईं। लेकिन फिर खबरें आईं कि अमेरिका ने पाकिस्‍तान को आठ एफ-16 फाइटर जेट देने का अपना इरादा बदल लिया है। जब पाक और अमेरिका के बीच हुई यह डील कैंसिल हुई तो कहा गया इसकी वजह इसकी कीमतें थीं। यह बात भी सही थी लेकिन असल वजह है कंपनी का पाक नहीं बल्कि भारत के लिए अपने इस जेट को तैयार करना।

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एफ-16 को लॉकहीड मार्टिन निर्मित करती है और कंपनी मेक इन इंडिया के तहत भारत में अपने जेट का नया वर्जन तैयार करना चाहती है। लॉकहीड मार्टिन हमेशा से चाहती थी कि इंडियन एयरफोर्स इस जेट का प्रयोग करे। पूरी हुई लॉकहीड मार्टिन की ड्रीम विश कंपनी की ओर से भारत की सरकार के सामने भी प्रस्‍ताव रखा गया है कि वह एफ-16 की मैन्‍यू‍फैक्‍‍चरिंग लाइन को अमेरिका के फोर्ट वर्थ से भारत में शिफ्ट करना चाहती है। अगर भारत में एफ-16 बनता है तो फिर पाक को इस जेट के निर्यात करने का कोई प्रश्‍न हीं नहीं होगा। भारत सरकार की ओर से लॉकहीड मार्टिन को एक चिट्ठी लिखी गई थी।

इस चिट्ठी में सरकार ने पूछा कि क्‍या कंपनी इंडियन एयरफोर्स के लिए हाई परफॉर्मेंस, सिंगल इंजन, मल्‍टी रोल फाइटर जेट मुहैया करा सकती है। वर्ष 2016 में लॉकहीड मार्टिन ने भारत सरकार को प्रपोजल भेजा था।

इसके मुताबिक एफ-16 इंडियन एयरफोर्स के लिए सबसे बेहतर फाइटर जेट हो सकता है। उस समय जहां भारत और फ्रांस के बीच राफेल की डील फाइनल होने की स्थिति में थी तो वहीं अमेरिका में पाक को आठ एफ-16 देने के मुद्दे पर घमासान मचा हुआ था। सीनियर ऑफिसर्स भी मानते हैं कि एफ-16 का प्रोडक्‍शन अगर भारत में होता है तो दोनों देशों के बीच नए रिश्‍तों की शुरुआत होगी। इसके बाद भारत एफ-16 की सप्‍लाई का सबसे बड़ा बेस बन सकेगा।


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