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प्राइवेट स्कूलों की फीस पर मनमानी रोकने के लिए योगी सरकार ने इस प्रस्‍ताव को दी मंजूरी

न्यूज़ वर्ल्ड इंडिया | 0
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| अप्रैल 4 , 2018 , 08:29 IST

उत्तर प्रदेश सरकार ने प्राइवेट स्कूलों की मनमानी फीस वसूली को रोकने के लिए एक अहम प्रस्ताव को मंजूरी दी है। सरकार का दावा है कि इस विधेयक के अमल में आने के बाद निजी स्कूलों की मनमानी पर रोक लगाने में सफलता मिलेगी।

उप्र सरकार के कैबिनेट मंत्री और सरकार के प्रवक्ता श्रीकांत शर्मा और उपमुख्यमंत्री डॉ. दिनेश शर्मा ने पत्रकारों को इसकी जानकारी दी।

यूपी में कैबिनेट की बैठक में प्राइवेट स्कूलों की मनमानी फीस वसूली पर नकेल कसने का फ़ैसला लिया गया। ये प्रस्ताव पास हुआ कि निजी स्कूल हर साल 7-8 फीसदी से ज़्यादा फीस नहीं बढ़ा सकते। साथ ही 12वीं तक एक ही बार एडमिशन फ़ीस ली जा सकेगी।

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क्या होंगे नए नियम?

किसी भी विद्यार्थी से एकमुश्त फीस नहीं वसूली जाएगी। तीन बार में भी विद्यार्थी अपनी फीस जमा करा सकेंगे। स्कूलों को फीस के संबंध में पारदर्शिता बरतनी होगी। स्कूल रजिस्ट्रेशन, एडमिशन और परीक्षा समेत अन्य चार प्रकार के शुल्क जमा करने अनिवार्य होंगे।

लेकिन बस और हॉस्टल की सुविधा वैकल्पिक होगी। अगर पेरेंट्स बस या छात्रावास की सुविधा नहीं लेना चाहते तो वह इन सुविधाओं को लेने से मना कर सकते हैं।

स्कूलों को दिखाने होंगे वेबसाइट पर आंकड़े

नई नियमावली के मुताबिक, स्कूलों को अपना खर्च वेबसाइट पर दिखाना होगा। किसी खास जगह बच्चों को जूते, किताबें और स्कूल ड्रेसेज लेने के लिए बाध्य नहीं किया जाएगा। विद्यार्थियों की शिकायतें सुनने के लिए एक मंडल स्तरीय समिति बनाई जाएगी जो स्कूलों की कार्यप्रणाली पर नजर रखेगी।

मंडलीय समिति की बात नकारने पर स्कूलों के खिलाफ पहली बार में 1 लाख रुपये, दूसरी बार में 5 लाख का जुर्माना लगेगा। साथ ही नियमों के उल्लंघन के तीसरे मामले में स्कूल की मान्यता रद्द करने का प्रावधान किया गया है।


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