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अंतराष्ट्रीय मंच पर पाकिस्तान को अलग थलग करने का बदला है जाधव को फांसी : यू एस एक्सपर्ट

न्यूज़ वर्ल्ड इंडिया | 0
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| अप्रैल 12 , 2017 , 16:15 IST | नई दिल्ली

भारतीय नौसेना के पूर्व अफसर कुलभूषण जाधव को कथित जासूसी के आरोप में पाकिस्तान ने फांसी की सजा सुना दी है। सजा सुनाए जाने के बाद भारत ने इसपर कड़ी आपत्ती जताई है। अंतराष्ट्रीय स्तर पर भी पाकिस्तान के इस फैसले का विरोध हो रहा है। US एक्सपर्ट्स ने इस मामले पर अपनी अलग-अलग राय दी है।


यूएस के विदेश मंत्रालय की पूर्व अफसर एलिजा आयर्स ने कहा,

जाधव के मामले में कई गड़बड़ियां हुईं। एक तो पाक में भारतीय हाईकमिश्नर को कोई जानकारी नहीं दी गई। दूसरा कोर्ट मार्शल का फैसला चौंकाने वाला रहा। इसमें भी पूरी गोपनीयता रखी गई। विरोधाभास तो ये है कि जितनी तेजी पाकिस्तान ने जाधव के मामले में दिखाई, उससे कहीं ज्यादा सुस्त मुंबई हमले की सुनवाई रही। पाक ने पिछले 9 सालों से मुंबई हमले की सुनवाई को लटका रखा है।

 

साउथ एशिया सेंटर एट द अटलांटिक काउंसिल के डायरेक्टर भरत गोपालस्वामी ने कहा,

जाधव को सजा देने में पाक ने सबूत दिए, वो काफी हल्के हैं। मामले को राजनीतिक रंग देने की कोशिश की गई। पाकिस्तान इसका इस्तेमाल भारत की आतंकवाद से लड़ाई की डिप्लोमेसी के खिलाफ करना चाहता है।

 

वुड्रो विल्सन सेंटर में साउथ एशिया मामलों के डिप्टी डायरेक्टर माइकल कूगलमैन ने कहा,

पाक ने जाधव के जिन सबूतों को आधार बनाया, वे रहस्य और अनिश्चितता से भरे हैं। लेकिन इन सबसे तय है कि पाक, भारत को कड़ा संदेश देना चाहता है। पाक नई दिल्ली को चेता रहा है कि वह उसके मामलों में न तो दखलअंदाजी न करे या उसे दुनिया में अलग-थलग करने की कोशिश न करे।


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