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अरविंदर सिंह लवली की कांग्रेस में घर वापसी, माकन से नाराज होकर थामा था BJP का दामन

icon अमितेष युवराज सिंह | 0
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| फरवरी 17 , 2018 , 13:52 IST

2017 में बीजेपी का दामन थामने वाले अरविंदर सिंह लवली एक बार फिर कांग्रेस में शामिल हो गए हैं। लवली नौ महीने पहले कांग्रेस से भाजपा में शामिल हो गए थे।

दिल्ली कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष अरविंदर सिंह लवली और दिल्ली यूथ कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष अमित मलिक ने राहुल गांधी से मुलाकात कांग्रेस में फिर शामिल हुए।


सूत्रों की मानें तो लवली और राहुल गांधी की मुलाकात हुई थी, इस मीटिंग के बाद ही लवली ने कांग्रेस में जाने का फैसला किया। अजय माकन ने ट्वीट कर इस खबर की पुष्टि कर दी है।

कांग्रेस में दोबारा शामिल हुए अरविंदर सिंह लवली ने औपचारिक घोषणा करते हुए कहा कि मैंने वो निर्णय पीड़ा में लिया था। जिसका उन्हें आज भी अफसोस है। वैचारिक तौर पर में भाजपा में ठीक नहीं थी। दिल्ली कांग्रेस पार्टी अध्यक्ष अजय माकन ने उनका एक बार फिर पार्टी में स्वागत किया। 

कांग्रेस में शामिल होने की खबर अरविंदर सिंह लवली ने प्रेस क्रॉन्फ्रेस के जरिए की। 

आपको बता दें कि पिछले साल लवली ने अजय माकन से नाराज़ होकर कांग्रेस का साथ छोड़ दिया था और बीजेपी में शामिल हो गए थे।

अरविंदर सिंह लवली दिल्ली में शीला दीक्षित की सरकार में तीन बार मंत्री रह चुके हैं और वह कांग्रेस के दिल्ली में प्रदेश अध्यक्ष भी रहे थे।

बीजेपी में शामिल होने के बाद उन्होंने कहा की मैने अपने आत्मसम्मान के लिए कांग्रेस का साथ छोड़ा था और दिल्ली की पूर्व मुख्यमंत्री शीला दीक्षित को कांग्रेस के लिए बोझ बताया था।

दिल्ली में सिख वोटरों के बीच लवली की पकड़ काफी अच्छी मानी जाती है, इसलिए कांग्रेस उनकी वापसी को आगामी चुनावों के लिए शुभ संकेत मान रही है।

माकन की वजह से छोड़ी थी पार्टी-

कांग्रेस छोडऩे के बाद लवली ने अजय माकन पर आरोप लगाया था कि प्रदेश अध्यक्ष बनने के बाद जिस तरह अजय माकन पार्टी को चला रहे हैं और वरिष्ठ नेताओं को नजरंदाज कर रहे हैं, उससे उनके आत्मसम्मान को चोट पहुंची, जिसकी वजह से उन्होंने पार्टी छोड़ी। बताते चले कि शीला दीक्षित की सरकार में लवली शिक्षा मंत्री थे। इसके बाद लवली को प्रदेश कांग्रेस का अध्यक्ष बनाया गया।2014 में शीला दीक्षित के चुनाव हारने के बाद उन्हें अध्यक्ष पद से हटा कर अजय माकन को प्रदेश अध्यक्ष बनाया गया था।दिल्ली की गांधी नगर सीट से लवली विधायक भी थे। गौरतलब है कि जब अरविंदर सिंह लवली को कांग्रस में थे तो उन्हें एक बड़े सिख चेहरे के तौर पर जाना जाता था। यहीं वजह थी कि कांग्रेस अमरिंदर सिंह लवली का इस्तेमाल पंजाब समेत जहां भी सिख समुदाय का वोट है वहां प्रचार के लिए करती थी।


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अमितेष युवराज सिंह

लेखक न्यूज़ वर्ल्ड इंडिया में असिस्टेंट एग्जीक्यूटिव प्रोड्यूसर हैं

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