राजनीति

प्रेस कॉन्फ्रेंस में टोटी लेकर पहुंचे अखिलेश, कहा- इसे मैं बीजेपी को भिजवा दूंगा!

न्यूज़ वर्ल्ड इंडिया | 0
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| जून 13 , 2018 , 15:37 IST

समाजवादी पार्टी अध्यक्ष अखिलेश यादव ने जिस दिन से सरकारी बंगला खाली किया है उसी दिन से एक नया विवाद उनके साथ जुड़ गया है। बंगले में सामान ले जाने के आरोपों पर आज अखिलेश यादव ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस की और इस प्रेस कॉन्फ्रेंस में वो एक टोटी साथ में लेकर पहुंचे। जिसे देखकर सभी हैरान रह गए। अखिलेश ने कहा कि जो टोटी गायब मिली है वही लौटाने आए हैं। मैं सारी टोटियां देने को तैयार हूं। ये टोटी बीजेपी को देना चाहता हूं ताकि उनकी नफरत कम हो। अखिलेश ने ये भी कहा कि सीएम आवास में भी बहुत सारे मेरे सामान हैं, वो सब लौटा दें सीएम।

अखिलेश यादव ने सामान ले जाने के आरोपों पर जवाब देते हुए कहा कि उस बंगले में जो मेरा सामान था मैं वही लेकर आया हूं। इसके अलावा उन्होंने इन आरोपों से इनकार किया कि उन्होंने सरकारी बंगले के साथ किसी तरह की छेड़छाड़ की है। अखिलेश यादव ने यूपी सरकार पर हमला बोलते हुए कहा कि अगर कहीं स्वीमिंग पूल था तो हमें भी दिखा दीजिए। मैं रिपोर्ट का इंतजार कर रहा हूं।

यूपी के पूर्व सीएम अखिलेष यादव ने मौजूदा सरकार पर तंज कसते हुए कहा कि कल को हो सकता है कि हमारी सरकार बने और यही अफसर ये दिखा दें कि बंगले में चिलन मिला है। स्टेडियम मेरा था, स्टील स्ट्रक्चर इसिलिए बनवाया था कि कल कहीं जाना पड़े तो इसे हटा सकूं। सपा अध्यक्ष ने कहा कि मुझे तो सरकार की रिपोर्ट का इंतजार है, जिससे पता चले कि मैंने सरकारी संपत्ति को कितना नुकसान पहुंचाया है।

बीजेपी का पलटवार

अखिलेश यादव की प्रेस कॉन्फ्रेस पर बीजेपी ने पलटवार करते हुए कहा है कि जब चोर की दाढ़ी में तिनका होता है,  तो वह बौखलाया रहता है। साथ ही उन्होंने ये भी सवाल उठाए कि आखिरकार दीवार के पीछे क्या था,  वो जरूर बताइएगा। आखिरकार क्या छुपाया था जिसे निकालना जरूरी था।

सिद्धार्थनाथ सिंह ने अखिलेश यादव पर टिप्पणी करते हुए कहा कि जो शिक्षा उन्हें मिली है, उस हिसाब से उनकी सभ्य भाषा होनी चाहिए थी। लेकिन उन्होंने ऐसा बर्ताव नहीं किया। उन्होंने कहा कि हम अखिलेश के बयान की भर्त्सना करते हैं और 'खिसियानी बिल्ली खंभा नोचे' की संज्ञा देते हैं.

बंगला विवाद में कूदे रामनायक

उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के सरकारी बंगले के विवाद में अब प्रदेश के गवर्नर राम नाइक भी कूद गए हैं. राम नाइक ने सीएम योगी आदित्यनाथ को चिट्ठी लिख कर कहा है कि इन इमारतों की देखरेख का काम टैक्स देने वालों के पैसे से होता है, इसलिए जिसने भी ये किया है उस पर कार्रवाई करनी चाहिए।


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