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कर्ज़ मामला: ED ने चंदा कोचर और वेणुगोपाल धूत के ठिकानों पर छापेमारी

न्यूज़ वर्ल्ड इंडिया | 0
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| मार्च 1 , 2019 , 12:33 IST

प्रवर्तन निदेशालय ने शुक्रवार को आईसीआईसीआई बैंक की पूर्व मुख्य कार्यकारी अधिकारी चंदा कोचर और वीडियोकॉन समूह के प्रमोटर वेणुगोपाल धूत के आवासों पर एक साथ छापेमारी की। यह छापेमारी विडियोकॉन समूह के लिए 1,875 करोड़ रुपए के कर्ज को मंजूरी देने में कथित अनियमितताओं और भ्रष्टाचार से जुड़े मामलों की जारी जांच के तहत की गई।

ICICI बैंक की पूर्व सीईओ चंदा कोचर, उनके पति दीपक कोचर और विडियोकॉन ग्रुप के एमडी वेणुगोपाल धूत के खिलाफ एक नोटिस जारी कर उनके विदेश जाने पर रोक लगा दी है। दीपक कोचर और धूत के खिलाफ मामला दर्ज होने के एक हफ्ते बाद लुक आउट नोटिस जारी करने का कदम उठाया गया है। उन्होंने बताया कि यह कदम इसलिए उठाया गया है ताकि विडियोकॉन ग्रुप के लिए 1875 करोड़ रूपये के कर्ज को मंजूरी देने में कथित भ्रष्टाचार के मामले में आरोपी देश छोड़कर भाग नहीं पाएं।

कर्ज के बदले में फायदा!

मामला विडियोकॉन ग्रुप को 2012 में आईसीआईसीआई बैंक से मिले 3,250 करोड़ रुपये के लोन का है। यह लोन कुल 40 हजार करोड़ रुपये का एक हिस्सा था जिसे विडियोकॉन ग्रुप ने एसबीआई के नेतृत्व में 20 बैंकों से लिया था। विडियोकॉन ग्रुप के चेयरमैन वेणुगोपाल धूत पर आरोप है कि उन्होंने 2010 में 64 करोड़ रुपये न्यूपावर रीन्यूएबल्स प्राइवेट लिमिटेड (NRPL) को दिए थे। इस कंपनी को धूत ने दीपक कोचर और दो अन्य रिश्तेदारों के साथ मिलकर खड़ा किया था।

ऐसे आरोप हैं कि चंदा कोचर के पति दीपक कोचर समेत उनके परिवार के सदस्यों को कर्ज पाने वालों की तरफ से वित्तीय फायदे पहुंचाए गए। आरोप है कि आईसीआईसीआई बैंक से लोन मिलने के 6 महीने बाद धूत ने कंपनी का स्वामित्व दीपक कोचर के एक ट्रस्ट को 9 लाख रुपये में ट्रांसफर कर दिया।


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