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CBSE पेपर लीक मामला: हरकत में आई दिल्ली पुलिस, कई जगहों पर छापेमारी

न्यूज़ वर्ल्ड इंडिया | 0
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| मार्च 29 , 2018 , 12:16 IST

केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) की 10वीं के गणित और 12वीं के अर्थशास्त्र के प्रश्न पत्र लीक मामले को दिल्ली पुलिस गंभीरता से लेते हुए कई जगहों पर छापेमारी की कार्रवाई हुई। समाचार एजेंसी ANI के मुताबिक क्राइम ब्रांच ने दिल्ली के साथ-साथ एनसीआर के भी कई इलाकों में की है।

सूत्रों ने अनुसार क्राइम ब्रांच की जांच इस बात पर ध्यान केंद्रित कर रही है कि पेपर कैसे लीक हो गए थे। क्राइम ब्रांच ने पेपर लीक की जांच को भागों में बांटा है। कहा जा रहा है कि पुलिस जल्द ही इस मामले में अहम खुलासा कर सकती है।

हालांकि, दिल्ली पुलिस ने छापेमारी का आधिकारिक खुलासा नहीं किया है। वहीं, पुलिस इस मामले में अब तक 25 लोगों से पूछताछ कर चुकी है, यह संख्या बढ़ भी सकती है।

बता दें कि क्राइम ब्रांच प्रश्नपत्र लीक मामले के सिलसिले में कई लोगों पर सवाल उठा रहा है, जिसके लिए जांच शुरू कर दी गई है। दिल्ली पुलिस ने सीबीएसई कक्षा की 10वीं और 12वीं के प्रश्नपत्र लीक के सिलसिले में दो मामले दर्ज किए हैं। सूत्रों के मुताबिक जांच में ये बात सामने आई है कि एक पेपर के लिए आरोपी 10 से 15 हजार रुपये तक लेते थे।

दिल्ली पुलिस ने कहा, "क्षेत्रीय निदेशक सीबीएसई की शिकायत पर, भारतीय दंड संहिता की धारा 406, 420 और 120 बी के तहत मामला दर्ज किया गया है और इस मामले की जांच के लिए एक विशेष जांच दल का गठन किया गया है।"

CBSE बोर्ड के पेपर लीक हो जाने की वजह से देशभर के 19 लाख बच्चों पर असर पड़ा. बता दें, इस साल बोर्ड की परीक्षा के लिए में करीब 2,824,696 बच्चे शामिल हुए हैं। सीबीएसई दसवीं व बारहवीं की बोर्ड परीक्षाएं पांच मार्च से शुरू हुईं थीं।

12वीं के विद्यार्थियों ने 26 मार्च को अर्थशास्त्र की परीक्षा दी थी, जबकि 28 मार्च को 10वीं के विद्यार्थियों ने गणित की परीक्षा दी थी, लेकिन दोनों विषयों के प्रश्नपत्र परीक्षा शुरू होने से पहले ही सोशल मीडिया पर वायरल हो गए थे।

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इसके बाद सीबीएसई ने परीक्षा की शुचिता और छात्रों के हितों का ध्यान रखते हुए दोनों विषयों की परीक्षा रद कर फिर से कराने का निर्णय लिया। इससे पहले भी 12वीं एकाउंटेंसी का पेपर भी लीक होने की बात कही गई थी, लेकिन बोर्ड ने इसे अफवाह बताया था।

जावड़ेकर ने जताया अफसोस-:

मानव संसाधन विकास मंत्री प्रकाश जावड़ेकर ने पेपर लीक होने पर खेद जताया है। उन्होंने एक सवाल के जवाब में कहा कि यह तय है कि पेपर लीक करने के पीछे कोई गिरोह योजनाबद्ध तरीके से काम कर रहा था, जो जल्द पकड़ा जाएगा। मुझे पता है कि पेपर लीक होना दुखद है।

लीक नहीं होंगे पेपर-:

जावड़ेकर ने छात्रों और अभिभावकों को विश्वास दिलाते हुए कहा कि भविष्य में पेपर लीक नहीं होंगे। इसको रोकने के लिए परीक्षा केंद्रों को अब आधे घंटे पहले इलेक्ट्रॉनिक कोडेड पेपर मिलेंगे और पासवर्ड प्रूफ पेपर का प्रिंट आउट निकालकर परीक्षार्थियों को केंद्र पर ही दिया जाएगा।


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