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कासगंज में उग्र हुई सांप्रदायिक हिंसा, ड्रोन से पुलिस कर रही है निगरानी

icon अमितेष युवराज सिंह | 0
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| जनवरी 28 , 2018 , 12:48 IST

उत्तर प्रदेश के कासगंज में तीसरे दिन भी तनाव जारी है। कासगंज हिंसा की आग में झुलस रहा है। आज सुबह उपद्रवियो ने एक दुकान में आग लगा दी। उपद्रवियों ने दुकानों में तोड़फोड़ की, लूटपाट और आगजनी भी की। इसके बाद इलाके में कर्फ्यू लगा दिया गया। रैफ की टीम ने क्षेत्र में फ्लैग मार्च किया। एटा के जिलाधिकारी आरपी सिंह ने कहा है कि इस सबके पीछे साजिश हो सकती है। साथ ही उन्होंने जोड़ा कि इसके बारे में उन्हें कुछ मालूम नहीं।

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एटा के डीएम ने बताया कि अब तक हिंसा फैलाने के आरोप में नामजद 9 लोगों सहित कुल 50 लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है। इन सबके पीछे कुछ लोग हैं, जिनकी पहचान कर ली गयी है। उन्होंने बताया कि रविवार को हुई हिंसा की किसी घटना में कोई घायल नहीं हुआ। उन्होंने कहा कि ड्रोन से क्षेत्र की निगरानी की जा रही है।

कासगंज हिंसा पर अखिलेश यादव का बयान:

कासगंज की घटना पर उत्तर प्रदेश के पूर्व सीएम अखिलेश यादव ने कहा है कि गणतंत्र दिवस पर ऐसी घटना दुखद व दुर्भाग्यपूर्ण है और दोषियों पर कार्रवाई होनी चाहिए। अखिलेश ने कहा कि सरकार को कासगंज में अमन चैन का माहौल कायम करना चाहिए।

SP सुनील सिंह ने बताया राजनीतिक साजिश:

कासगंज के SP सुनील सिंह ने कहा है कि घटना के पीछे साजिश की बू आ रही है। उन्होंने कहा कि इस बात से इंकार नहीं किया जा सकता कि इसके पीछे राजनीतिक साज़िश हो सकती है। उन्होंने कहा, ‘कुछ लोग बाइक पर तिरंगा रैली कर रहे थे।

एक खास जगह पहुंचने के बाद उन्होंने कुछ भड़काऊ नारेबाजी की जिसके बाद बात बढ़ी। हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि गणतंत्र दिवस के दिन हिंसा त्वरित कारणों से भड़की, लेकिन उसके बाद फैलाई जा रही हिंसा के पीछे कोई राजनीतिक साजिश है।


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अमितेष युवराज सिंह

लेखक न्यूज़ वर्ल्ड इंडिया में असिस्टेंट एग्जीक्यूटिव एडिटर हैं

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