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कच्चे तेल की कीमत में उछाल, चुनाव के बाद महंगी हो सकती हैं ये 5 चीज़ें

icon कुलदीप सिंह | 0
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| फरवरी 13 , 2017 , 14:17 IST

कच्चा तेल भारत की अर्थव्यवस्था को बड़ा झटका दे सकता है। अंतरराष्ट्रीय बाज़ार में कच्चे तेल की कीमत में एक बार फिर जबर्दस्त उछाल देखा जा रहा है। कच्चे तेल की कीमत बढ़ने से सरकार भी चिंतित दिख रही है। आम बजट पेश करते समय सरकार ने चिंता जताते हुए कहा था कि कच्चा तेल जीडीपी को नुकसान पहुंचा सकता है। क्रूड ऑयल के दाम बढ़ने से भारत में कई चीजें महंगी हो सकती है। 

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हवाई सफ़र होगा महंगा-

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हवाई जहाज से यात्रा करने वाले लोगों की जेबें ढीली हो सकती हैं। दरअसल जेट फ्यूल महंगा हो गया है, जिसके चलते हवाई कंपनियां किराया बढ़ाने की तैयारी में जुटी हैं। विमानन कंपनियों का कहना है कि अंतरराष्ट्रीय बाज़ार में कच्चे तेल की कीमत लगातार बढ़ रही है, जिसके चलते जेट फ्यूल भी महंगा हो गया है। ऐसे में घरेलू यात्रियों के लिए देश में हवाई यात्रा भी महंगी होगी। देश में हवाई किराया अंततराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल के दाम के हिसाब से चल रहा है। आपको बता दें कि पिछले साल कच्चा तेल 18 डॉलर प्रति बैरल के नीचे चला गया था।

रेलवे से माल ढुलाई किराया बढ़ेगा-

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कच्चा तेल महंगा होने से रेलवे पर भी बुरा असर पड़ सकता है। कच्चे तेल की कीमत बढ़ने से डीजल महंगा होगा, जिसके चलते रेलवे मालभाड़े में इजाफा हो सकता है। हालांकि 2017-18 के बजट में यात्री किराया और मालभाड़े में किसी तरह की कोई बढ़ोत्तरी भी नहीं की गई है। लेकिन जानकारों की मानें तो निकट भविष्य यानी विधानसभा चुनावों के बाद मालभाड़े में इज़ाफ़ा तय है।

-सीमेंट और स्टील महंगा हो सकता है।

-कोयले की कीमत भी बढ़ सकती है।

महंगाई दर में एक बार फिर आ सकती है उछाल-

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भारत बड़ी मात्रा में कच्चा तेल विदेशों से आयात करता है। ऐसे में मोटे तौर पर कह सकते हैं कि कच्चा तेल भारतीय अर्थव्यवस्था को मापने का पैमान बन गया है। अंतरराष्ट्रीय बाज़ार में कच्चे तेल की कीमत गिरने से भारत में डीज़ल की कीमत गिरेगी। डीजल की कीमत गिरने से ट्रकों से माल ढुलाई भी सस्ती होगी। अगर माल ढुलाई पर खर्च कम होगा तो खाने-पीने वाली चीजों के भी दाम कम होंगे। इसके आलावे डीजल के दाम बढ़ने से कृषि पर बुरा असर पड़ सकता है।

पेट्रोल के दाम ऊंचाई पर-

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पेट्रोल की कीमत में बार-बार इजाफा हो रहा है। दरअसल अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमत के मुताबिक तेल कंपनियां पेट्रोल की कीमत तय करती है।  फिलहाल कच्चा तेल 55 डॉलर के ऊंपर पहुंच चुका है। ऐसे में लगता है कि तेल कंपनियां पेट्रोल के दाम बढ़ाने से बाज़ नहीं आएंगी।

कुल मिलाकर कच्चे तेल की कीमत में बढ़ोत्तरी से देश की अर्थव्यवस्था प्रभावित होगी। तेल से जुड़ी उन तमाम चीजों पर असर पड़ेगा। खासकर हवाई किराया, रेलवे मालभाड़ा, स्टील और सीमेंट की कीमत पर इसका प्रत्यक्ष प्रभाव पड़ेगा।


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कुलदीप सिंह

Executive Editor - News World India. Follow me on twitter - @KuldeepSingBais

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