राजनीति

जेटली के ट्वीट का हवाला देकर कांग्रेस ने कहा- गठबंधन को मिले कर्नाटक में सरकार बनाने का न्योता

न्यूज़ वर्ल्ड इंडिया | 0
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| मई 15 , 2018 , 21:59 IST

कर्नाटक विधानसभा चुनाव में नतीजे आने के बाद जोड़-तोड़ की राजनीति शुरू हो गई है। कांग्रेस ने अरुण जेटली के पुराने ट्वीट का हवाला देते हुए जेडीएस के साथ सरकार बनाने के दावे को सही ठहराया है। कांग्रेस प्रवक्ता प्रियंका चतुर्वेदी ने कहा है कि गोवा, मेघालय और मणिपुर में जो राज्यपाल के संवैधानिक अधिकार थे वहीं कर्नाटक में भी लागू होना चाहिए। उन्होंने एक पुराने न्यूज़ रिपोर्ट को टैग किया है जिसमें जेटली ने कहा था अगर हंग असेंबली हो तो राज्यपाल बहुमत मिलने वाले गठबंधन के नेता को सरकार बनाने के लिए आमंत्रित कर सकता है। ये संवैधानिक रूप से सही है।

जेटली ने पिछले साल गोवा चुनाव के बाद ट्वीट करते हुए लिखा था, ''खंडित जनादेश वाले विधानसभा में यदि विधायकों का बहुमत एक गठबंधन बनाता है तो सरकार गठन के लिए राज्यपाल द्वारा बहुमत वाले गठबंधन को न्योता देना और उसका एक संक्षिप्त अवधि में बहुमत साबित करना संवैधनिक रूप से सही होगा।

सीपीएम महासचिव येचुरी ने भी जेटली के ट्विट का दिया हवाला

माकपा महासचिव सीताराम येचुरी ने भी जेटली के ट्वीट का हवाला देते हुए लिखा है, ''बीजेपी सरकार द्वारा नियुक्त गवर्नर्स ने गोवा, मणिपुर और मेघालय में सरकार बनाने के लिए सबसे बड़ी पार्टी को आमंत्रित नहीं किया था। केंद्रीय मंत्री ने उन्हें समर्थन देने वाले तर्क दिए थे। उम्मीद है कि कर्नाटक में भी इसका पालन किया जाएगा।

कांग्रेस के मुख्य प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला ने कहा कि बीजेपी बहुमत के आंकड़े से दूर है, लेकिन वो साजिश के तहत अपनी सरकार बनाने की कोशिश कर रही है। देश और मीडिया को गुमराह करने की कोशिश की जा रही है।
उन्होंने कहा, ''अगर चुनाव बाद हुए किसी गठबंधन के पास स्पष्ट बहुमत है तो राज्यपाल के पास उस गठबंधन को सरकार गठन के लिए आमंत्रित करने के अलावा कोई दूसरा विकल्प नहीं है। इसलिए हम अपेक्षा करते हैं कि राज्यपाल संवैधानिक परंपराओं और अब तक की परिपाटी के अनुरूप इस कांग्रेस-जेडीएस गठबंधन को सरकार बनाने के लिए आमंत्रित करेंगे।

सुरजेवाला ने गोवा, मणिपुर और मेघालय का ज़िक्र किया

सुरजेवाला ने कहा कि चुनाव बाद गठबंधन को सरकार गठन के लिए सबसे पहले आमंत्रित करने में हाल के कई उदाहरण हैं। पिछले साल मार्च में 40 सदस्यीय गोवा में 18 सीटों के साथ कांग्रेस सबसे बड़ी पार्टी बनी थी, लेकिन राज्यपाल ने बीजेपी के नेतृत्व वाले गठबंधन को आमंत्रित किया। सुरजेवाला ने कहा कि मार्च 2017 में 60 सदस्यीय मणिपुर विधानसभा में कांग्रेस के 28 विधायक जीते और बीजेपी के 21 विधायक जीते, लेकिन राज्यपाल ने चुनाव बाद गठबंधन के आधार पर बीजेपी नीत गठबंधन को सरकार बनाने का न्योता दिया और वहां सरकार बनी। मेघालय में कांग्रेस सबसे बड़ी पार्टी बनी लेकिन सरकार बनाने के लिए बीजेपी और उसके साथी दलों को बुलाया गया।

इससे पहले सुरजेवाला ने 1998 में तत्कालीन राष्ट्रपति केआर नारायणन द्वारा अटल बिहारी वाजपेयी को सरकार बनाने के लिए आमंत्रित किए जाने का हवाला दिया और कहा कि कर्नाटक में कांग्रेस और जेडीएस के पास गठबंधन सरकार के लिए पूर्ण बहुमत है।

राष्ट्रपति नारायणन के फैसले का भी ज़िक्र

उन्होंने ट्वीट कर कहा कि कांग्रेस और जेडीएस 95 सीटें जीत चुकी हैं और 20 पर आगे चल रही हैं। यह स्पष्ट है कि गठबंधन के लिए दोनों के पास स्पष्ट बहुमत है। दोनों को कुल मतों का 56 फीसदी मत मिले हैं। उन्होंने कहा कि राष्ट्रपति केआर नारायणन ने 12 मार्च, 1998 को अटल बिहारी वाजपेयी को सरकार गठन और गठबंधन सरकार का नेतृत्व करने के लिए आमंत्रित करके एक निष्पक्ष और संवैधानिक परंपरा कायम की थी।

कर्नाटक में किसी भी पार्टी को स्पष्ट बहुमत मिलता दिखाई नहीं दे रहा है। अब तक के नतीजों और रुझानों के मुताबिक भाजपा को 104, कांग्रेस को 78 और जेडीएस-बीएसपी गठबंधन को 38 सीटें मिलती दिखाई दे रही हैं। बहुमत का जादुई आंकड़ा 112 सीटों का है।


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अजय

ये बीजेपी वाले लोग कानून को नहीं समझते ये सता के लिए कुछ भी कर सकते है देख लेना राज्यपाल इनको ही सरकार बनाने का न्योता देगा मुझे रवीश कुमार जी की एक बात याद आई की मेरे देश का प्रधानमंत्री एक........है ये मेरे देश का दुर्भाग्य हैं