राजनीति

चुनाव से पहले सिद्धारमैया का बड़ा फैसला, कर्नाटक के लिए अलग झंडे को दी मंजूरी

न्यूज़ वर्ल्ड इंडिया | 0
794
| मार्च 8 , 2018 , 20:17 IST

कर्नाटक के विधानसभा चुनाव से ठीक पहले मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने एक बड़ा दाव खेला है। जिसमे सिद्धारमैया ने राज्य के लिए अलग झंडे को मंजूरी दे दी है। सिद्धारमैया ने कर्नाटक के लिए एक झंडे का डिजाइन कैबिनेट से पास कराया है जिसको अब वह केंद्र सरकार को भेजने जा रहे हैं ताकि इसको संवैधानिक मंजूरी मिल सके।

कन्नड़ संगठनों के साथ अपने कैम्प दफ्तर में बैठक के दौरान मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने इस झंडे को दिखाया जो तीन रंगों का है। झंडे में ऊपर पीली पट्टी, बीच मे सफेद और नीचे लाल पट्टी है। बीच मे सफेद पट्टी पर राज्य का प्रतीक चिन्ह "गंद्दु भेरुण्डा" (दो बाज) बना है।

सिद्धारमैया ने कहा कि "हम झंडे से जुड़े दिशानिर्देशों का पालन करेंगे। इस झंडे को राष्ट्रीय ध्वज से नीचे फराएंगे और किसी भी तरह का उल्लंघन इससे नहीं होता।"

केंद्र से मंजूरी मिलते ही कर्नाटक का यह आधिकारिक रूप से राजकीय झंडा बन जाएगा। राज्य में चुनाव से ठीक पहले सिद्धारमैया सरकार का यह फैसला झंडे के बहाने कांग्रेस के पक्ष में माहौल करना माना जा रहा है।

BJP ने कहा भटकाने की चाल-

उधर कर्नाटक का नया झंडा बनाने के फैसले को बीजेपी ने जरूरी मुद्दों से भटकाने की चाल बताया है। बीजेपी के प्रवक्ता एस प्रकाश ने कहा कि मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने इस झंडा का अनावरण इसलिए किया है क्योंकि राज्य की सरकार इस समय लोकायुक्त मौत को लेकर बैकफुट पर आ गई है।

प्रकाश ने कहा, 'मैं याद दिला दूं कि अलग ध्वज की पहल पूर्व मुख्यमंत्री डी वी सदानंद गौड़ा ने की थी। सिद्धारमैया इस फैसले को चार साल से टाल रहे थे और अब अचानक इसे लागू करवाना चाहते हैं क्योंकि राज्य में उनके सामने राजनीतिक संकट आ गया है।'

इसे भी पढ़ें-: चीन ने भारत से कहा, हाथी और ड्रैगन लड़ाई छोड़ साथ-साथ करें डांस

हालांकि प्रकाश ने ये भी कहा कि झंडे के डिजाइन को लेकर हमें कोई आपत्ति नहीं है। उन्होंने कहा कि केंद्र को निर्णय लेना है कि इसे मंजूरी मिलेगी या नहीं। आपको बता दें कि इस साल कर्नाटक में विधानसभा चुनाव होने हैं जिसको लेकर राजनीतिक चहलकदमी बढ़ रही हैं।


कमेंट करें