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रशिया से नजदीकी बनाने की जुगत में PAK, करना चाहता है खतरनाक हथियारों का सौदा

न्यूज़ वर्ल्ड इंडिया | 0
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| अप्रैल 8 , 2018 , 14:23 IST

पाकिस्तान इन दिनों भारत की हीं तरह अपनी सामरिक शक्ति बढ़ाने की कोशिश में जुटा है। इसके लिए पाकिस्तान चीन और रूस के साथ रक्षा सौदों के लेकर बातचीत की पहल करना चाहता है।

पाकिस्तान के रक्षा मंत्री खुर्म दस्तगीर खान ने कहा है कि वायु रक्षा प्रणाली, लड़ाकू विमानों और युद्ध टैंकों के अलावा सैन्य ढांचे के लिए पाकिस्तान की रूस के साथ बातचीत चल रही है। रूस की समाचार एजेंसी के साथ बातचीत में खान ने रूस के साथ बढ़ते सहयोग के बारे में भी बात की, जो पाकिस्तान की व्यापक भू-रणनीतिक चिंताओं को दर्शाता है।

खान ने कहा, 'हम रूसी हथियारों की तकनीक को खरीदना चाहते हैं। हालांकि अभी वायु रक्षा प्रणाली सिस्टम पर सौदेबाजी चल रही है और जैसे ही यह सौदेबाजी पक्की हो जाएगी, हम इसकी घोषणा कर देंगे।' 

रक्षा मंत्री ने आगे कहा कि पाकिस्तान रूस से टी-90 टैंक भी खरीदना चाहता है और इस डील की साझेदारी लंबे वक्त के लिए होगी। 

दक्षिण और सेंट्रल एशिया में सुरक्षा संबंधी विषयों पर बात करते हुए पाक रक्षा मंत्री ने कहा पाकिस्तान और रूस दोनों ही देश एक स्थिर और लोकतांत्रिक अफगानिस्तान चाहते हैं। बता दें कि अफगानिस्तान में आतंकी संगठन इस्लामिक स्टेट ने व्यापक स्तर पर पैर पसारे हुए हैं। वह मुख्य रूप से वहां के शिया मुसलमानों को अपना निशाना बनाते रहे हैं। 

आपको बता दें कि भारत ने रूस से 2001 में 'टी-90 भीष्म' टैंक खरीदा था। भारत ने 10 हजार करोड़ रुपये की डील से ऐसे 310 टैंक खरीदे, जिसमें से 120 टैंक बने बनाए मिले और 90 सेमी-असेंबल मिले थे। इसके अलावा अन्‍य 100 टैंकों को भारत में तैयार किया गया था।

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T-90 भीष्‍म टैंक को रूस ने 1993 में बनाया था। इस टैंक में 125 मिमी स्मूथबोर गन लगी हुई है, जो इसे ताकतवर बनाती है। भीष्म टैंक एंटी टैंक मिसाइल भी छोड़ने में सक्षम है। यह टैंक 100 मीटर से लेकर 4 किलोमीटर की दूरी तक विरोधी टैंक को अपना निशाना बना सकता है।


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